सैमसंग अपने लाइनअप और नेमिंग स्कीम के साथ जो कर रहा है, वह अब थोड़ा कन्फ्यूजिंग लगने लगा है। खासकर तब, जब बात उनके फोल्डेबल मार्केट की हो। हाल ही में Droid Life के हवाले से सामने आई इंटरनल FCC सर्टिफिकेशन लिस्टिंग से यह साफ हो गया है कि कंपनी अपनी रणनीतियों में कुछ बड़े और अप्रत्याशित बदलाव कर रही है। गैलेक्सी जेड फोल्ड 8 अब वैसा बिल्कुल नहीं दिखेगा जैसा हम सैमसंग के स्टैंडर्ड बुक-स्टाइल फोल्डेबल से उम्मीद करते हैं। ताज़ा लीक्स इस बात पर मुहर लगाते हैं कि सैमसंग ‘फोल्ड 8’ नाम का इस्तेमाल एक छोटे लेकिन ज्यादा चौड़े फोल्डेबल डिवाइस के लिए करने वाला है। पहले यह उम्मीद थी कि इस नए फॉर्म फैक्टर के लिए कोई ऐसा नाम चुना जाएगा जो इसके डिजाइन को सही से बयां करे, लेकिन सैमसंग का प्लान कुछ और ही है। असली फ्लैगशिप का मजा अब ‘गैलेक्सी जेड फोल्ड 8 अल्ट्रा’ में मिलने वाला है। SM-F976U आइडेंटिटी कोड वाले इस अल्ट्रा मॉडल की लीक हुई तस्वीरें कंफर्म करती हैं कि यह हुबहू हमारे जाने-पहचाने स्टैंडर्ड जेड फोल्ड जैसा ही दिखेगा। लीक्स की यह पूरी टाइमलाइन थोड़ी उलझी हुई जरूर है, लेकिन इसका लब्बोलुआब यह है कि लाइनअप में अब बुनियादी तौर पर दो डिवाइस होंगे। पहला, गैलेक्सी जेड फोल्ड 8, जो एक चौड़ा डिवाइस होगा और जिसके स्पेसिफिकेशंस बेस मॉडल वाले होंगे। और दूसरा, गैलेक्सी जेड फोल्ड 8 अल्ट्रा, जो अपने पुराने क्लासिक फॉर्म फैक्टर को बरकरार रखते हुए कहीं ज्यादा तगड़े इंटरनल्स के साथ आएगा। यह ‘अल्ट्रा’ नाम भी कोई हवा-हवाई बात नहीं है, लीक होने के ठीक एक हफ्ते बाद ही ऑनलाइन सर्टिफिकेशन लिस्टिंग में इस नाम की पुष्टि हो चुकी है। इसी लीक रिपोर्ट में गैलेक्सी वॉच के नए मॉडल्स का भी जिक्र है, जो सैमसंग के इकोसिस्टम को और मजबूत करते हैं। लिस्ट में गैलेक्सी वॉच 9 के दो अलग-अलग साइज वेरिएंट्स नजर आ रहे हैं, जो कि कंपनी की पुरानी लॉन्च स्ट्रैटेजी से मेल खाता है। लेकिन सबसे दिलचस्प एंट्री है गैलेक्सी वॉच अल्ट्रा 2 की। सैमसंग ने वॉच 8 के साथ इस अल्ट्रा मॉडल को एक साल बाद री-रिलीज करने का जो फैसला लिया था, उसे देखते हुए अल्ट्रा 2 का आना कोई बहुत बड़ा सरप्राइज नहीं है, पर यह मार्केट में उनके आक्रामक रुख को जरूर दिखाता है। खैर, सैमसंग का यह नए-नए नाम और ‘लाइट’ या ‘अल्ट्रा’ टैग्स के साथ खेलने का शौक कोई आज का नहीं है। अगर हम कुछ साल पीछे मुड़कर 3 जनवरी 2020 को रिलीज हुए गैलेक्सी नोट 10 लाइट की तरफ देखें, तो समझ आता है कि कंपनी हमेशा से फ्लैगशिप एक्सपीरियंस को अलग-अलग पैकेजों में ढालकर पेश करती रही है। नोट 10 लाइट अपने आप में एक बेहद दिलचस्प डिवाइस था। ऑरा ग्लो, ऑरा ब्लैक और ऑरा रेड जैसे शानदार कलर्स में आने वाला यह फोन 199 ग्राम के वजन और 163.70 x 76.10 x 8.70 डाइमेंशन के साथ हाथ में एक सॉलिड प्रीमियम फील देता था। इसमें 6.70 इंच की टचस्क्रीन डिस्प्ले थी, जो 1080×2400 पिक्सल रेजोल्यूशन और 394 PPI के साथ बेहतरीन विजुअल्स निकाल कर देती थी। उस वक्त के हिसाब से इसमें लगा 2.7 गीगाहर्ट्ज़ का ऑक्टा-कोर प्रोसेसर, 6GB (या इसके 8GB वाले वेरिएंट) रैम और 128GB की इंटरनल स्टोरेज, परफॉरमेंस और सॉफ्टवेयर के बीच एक अच्छा बैलेंस बनाते थे। और अगर स्टोरेज कम पड़े, तो अलग से दिए गए माइक्रोएसडी कार्ड स्लॉट के जरिए इसे 1000GB (1TB) तक बढ़ाने का जुगाड़ भी मौजूद था। फोटोग्राफी के लिए सैमसंग ने इसके रियर में 12-मेगापिक्सल का एक वर्सटाइल ट्रिपल कैमरा सेटअप (f/1.7, f/2.2, और f/2.4 अपर्चर) दिया था, जिसमें ऑटोफोकस और फ्लैश दोनों मौजूद थे। सेल्फी के लिए फ्रंट में बिना फ्लैश के 32-मेगापिक्सल (f/2.2) का एक पावरफुल कैमरा लगा था। एंड्रॉयड 10 पर बेस्ड One UI 2.0 स्किन पर चलने वाले इस स्मार्टफोन को जिंदा रखने की जिम्मेदारी 4500 एमएएच की बैटरी की थी। हालांकि इसमें वायरलेस चार्जिंग नदारद थी और बैटरी भी रिमूवेबल नहीं थी, लेकिन सैमसंग की प्रॉपराइट्री फास्ट चार्जिंग से काम आसानी से चल जाता था। कनेक्टिविटी और सेंसर्स के मामले में भी यह पूरी तरह पैक्ड था; टाइप-सी पोर्ट, 802.11 ए/बी/जी/एन/एसी वाई-फाई, जीपीएस, ब्लूटूथ से लेकर इन-डिस्प्ले फिंगरप्रिंट सेंसर, फेस अनलॉक, एक्सेलेरोमीटर, एंबियंट लाइट सेंसर, जायरोस्कोप, प्रॉक्सिमिटी सेंसर और कंपास तक सब कुछ इसमें शामिल था। डिवाइस की डिजाइन, शानदार डिस्प्ले, डीसेंट बैटरी लाइफ और सॉफ्टवेयर परफॉर्मेंस से लेकर इसकी कैमरा क्वालिटी तक—नोट 10 लाइट उस वक्त वैल्यू फॉर मनी के पैमाने पर काफी हद तक खरा उतरता था। और आज जब हम जेड फोल्ड 8 सीरीज के इन ‘अल्ट्रा’ लीक्स को देखते हैं, तो लगता है कि सैमसंग की कोर फिलॉसफी आज भी वही है: यूजर्स को ऑप्शन्स देना, भले ही शुरुआत में उनके नामकरण का तरीका हमें थोड़ा उलझा हुआ क्यों न लगे। पोस्ट नेविगेशन वीवो का बदलता टेक-गेम: V23 की विरासत से S60 सीरीज के महा-अपग्रेड तक