बुधवार, 20 नवंबर 2019 | 11:56 IST
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उत्तराखंड छात्रसंघ चुनाव 2019, कहीं एबीवीपी का झंडा बुलंद तो कहीं जीती एनएसयूआई


प्रदेश में सोमवार को संपन्न हुए चुनाव में निर्दलीय/अन्य प्रत्याशियों का दबदबा रहा। देर रात तक मिली जानकारी के अनुसार प्रदेश के 44 महाविद्यायों में निर्दलीय/अन्य प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की। जहां एबीवीपी के अध्यक्ष पद के प्रत्याशियों को 34 तो एनएसयूआई के अध्यक्ष पद के प्रत्याशियों को 18 महाविद्यालय में जीत हासिल हुई।

देहरादून और मसूरी के डिग्री कॉलेजों और दून विवि में हुए छात्रसंघ चुनाव में एबीवीपी को चार कॉलेजों में हार का सामना करना पड़ा। एनएसयूआई को केवल एक कॉलेज में ही जीत मिल पाई। डीएवी कॉलेज में 12 साल के बाद एबीवीपी का प्रत्याशी अध्यक्ष पद पर चुनाव हार गया।

एमकेपी कॉलेज में दो साल के बाद एबीवीपी प्रत्याशी ने जीत दर्ज की। एसजीआरआर पीजी कॉलेज में एबीवीपी के प्रत्याशी को सक्षम ग्रुप ने हरा दिया। रायपुर कॉलेज में निर्दलीय प्रत्याशी ने एबीवीपी प्रत्याशी को हरा दिया।

डीबीएस कॉलेज में एबीवीपी को जीत हासिल हुई। मसूरी के एमपीजी कॉलेज में एबीवीपी की हार और एनएसयूआई की जीत हुई। दून विवि में अध्यक्ष पद पर एबीवीपी का कब्जा रहा। ऋषिकेश में राजकीय महाविद्यालय ऋषिकेश में एबीवीपी के अनुराग पयाल और शहीद दुर्गामल पीडी कॉलेज डोईवाला में एबीवीपी के अभिषेक विजयी रहे।

उधर, श्री गुलाब सिंह राजकीय महाविद्यालय चकराता में रमेश निर्विरोध अध्यक्ष चुने गए। जबकी वीर शहीद केसरी चंद राजकीय स्नाकोत्तर महाविद्यालय विकासनगर में निर्दलीय प्रत्याशी प्रिंस राणा जीते। 

गढ़वाल में हुए छात्रसंघ चुनावों में एबीवीपी का दबदबा रहा है। 11 महाविद्यालयों में छात्रसंघ अध्यक्ष पद पर परिषद के प्रत्याशियों ने कब्जा किया है। सात महाविद्यालयों में निर्दलीय प्रत्याशियों ने कब्जा किया है। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन पांच सीटें लेकर तीसरे स्थान पर रहा है।

इसके अलावा दो महाविद्यालयों में जय हो ग्रुप, तीन कालेजों में आर्यन ग्रुप ने जीत हासिल की है। टिहरी जिले में नई टिहरी महाविद्यालय में अध्यक्ष पद पर सत्यमेव जयते ने आठवीं बार कब्जा किया है।

यहां महासचिव पद को छोड़कर अन्य सभी पदों पर इसी संगठन के प्रत्याशी जीते हैं। पौड़ी जिले में राठ महाविद्यालय में पहली बार छात्र परिषद का गठन हुआ है। राजकीय महाविद्यालय रिखणीखाल में छात्रों ने चुनावों से इनकार करने पर यहां सांस्कृतिक अकादमी परिषद का गठन किया गया है।

उधर छात्रसंघ चुनाव में हरिद्वार जिले के सात कॉलेजों में तीन पर एबीवीपी और एक पर एनएसयूआई ने बाजी मारी। रुड़की के केएलडीएवी पीजी कॉलेज में विवि प्रतिनिधि को छोड़कर अन्य सभी पदों पर एनएसयूआई ने कब्जा किया है। वहीं लक्सर स्थित राजकीय पीजी कॉलेज में एक बार फिर एबीवीपी ने अपना परचम लहराया है। एसडी पीजी कॉलेज में निर्दलीय ने अध्यक्ष पद पर कब्जा कर लिया। बीएसएम पीजी कॉलेज में छात्रसंघ अध्यक्ष पद पर निर्दलीय का कब्जा रहा।

वहीं, हरिद्वार में छात्र कल्याण परिषद के चुनाव में चिन्मय डिग्री कॉलेज में एबीवीपी के प्रत्याशियों ने सभी पदों पर जीत दर्ज की जबकि सम्राट पृथ्वीराज चौहान पीजी कॉलेज रोहालकी किशनपुर में सचिव पद छोड़कर एबीवीपी ने अध्यक्ष सहित शेष सभी पदों पर जीत हासिल की। वहीं महिला महाविद्यालय में बिना किसी छात्र संगठन के हस्तक्षेप के चुनाव संपन्न हुआ। 

कुमाऊं के 47 में से 20 कॉलेजों में निर्दलीय अध्यक्ष बने

कुमाऊं के 47 महाविद्यालयों में से 20 कालेजों में छात्रसंघ अध्यक्ष पद पर निर्दलीयों का कब्जा रहा। 15 कालेजों में अध्यक्ष पद पर चुनाव जीतने के साथ एबीवीपी दूसरे नंबर पर रही। एनएसयूआई को 11 कालेजों में अध्यक्ष पद पर जीत हासिल हुई।

पिथौरागढ़ के आठ में से पांच में एबीवीपी, जबकि तीन में एनएसयूआई का कब्जा रहा। वहीं चंपावत के पांच कालेजों में से चीर में निर्दलीयों का दबदबा रहा। यहां सिर्फ लोहाघाट कालेज में एबीवीपी का प्रत्याशी अध्यक्ष बना है। बागेश्वर के चार कॉलेजों में से दो में एबीवीपी का अध्यक्ष तो दो अन्य में एनएसयूआई और निर्दलीय अध्यक्ष पद पर जीता। अल्मोड़ा के कॉलेजों में अध्यक्ष पद पर निर्दलियों का दबदबा रहा।

यहां 8 में निर्दलीय अध्यक्ष बने हैं। अल्मोड़ा एसएसजे परिसर, द्वाराहाट जैंती और सोमेश्वर में एबीवीपी का प्रत्याशी अध्यक्ष पद पर जीता है। सिर्फ चौखुटिया में एनएसयूआई का प्रत्याशी अध्यक्ष बना है। ऊधमसिंह नगर के सात कॉलेजों में से छह में निर्दलीय प्रत्याशी अध्यक्ष पद पर जीते हैं।

सिर्फ खटीमा कालेज में एबीवीपी का प्रत्याशी अध्यक्ष बना है। नैनीताल जिले के 10 कालेजों में से पांच में निर्दलीय अध्यक्ष बने हैं। यहां दो कॉलेजों में एबीवीपी और दो में एनएसयूआई के प्रत्याशी अध्यक्ष बने हैं। एमबीपीजी कालेज का रिजल्ट देर शाम तक नहीं निकला था। यहां भी निर्दलीय प्रत्याशी राहुल धामी के बढ़त में होने की सूचना है।

देहरादून के सात में से चार कॉलेजों में हारी एबीवीपी

देहरादून और मसूरी के डिग्री कॉलेजों और दून विवि में हुए छात्रसंघ चुनाव में एबीवीपी को चार कॉलेजों में हार का सामना करना पड़ा। एनएसयूआई को केवल एक कॉलेज में ही जीत मिल पाई। डीएवी कॉलेज में 12 साल के बाद एबीवीपी का प्रत्याशी अध्यक्ष पद पर चुनाव हार गया।

एमकेपी कॉलेज में दो साल के बाद एबीवीपी प्रत्याशी ने जीत दर्ज की। एसजीआरआर पीजी कॉलेज में एबीवीपी के प्रत्याशी को सक्षम ग्रुप ने हरा दिया। रायपुर कॉलेज में निर्दलीय प्रत्याशी ने एबीवीपी प्रत्याशी को हरा दिया।

डीबीएस कॉलेज में एबीवीपी को जीत हासिल हुई। मसूरी के एमपीजी कॉलेज में एबीवीपी की हार और एनएसयूआई की जीत हुई। दून विवि में अध्यक्ष पद पर एबीवीपी का कब्जा रहा।

 हरिद्वार जिले में तीन महाविद्यालयों में एबीवीपी, तीन में निर्दलीय और एक में एनएसयूआई जीती

छात्रसंघ चुनाव में जिले के सात कॉलेजों में तीन पर एबीवीपी और एक पर एनएसयूआई ने बाजी मारी। रुड़की के केएलडीएवी पीजी कॉलेज में विवि प्रतिनिधि को छोड़कर अन्य सभी पदों पर एनएसयूआई ने कब्जा किया है।

अध्यक्ष पद पर एनएसयूआई के विजय त्यागी ने एबीवीपी की आकांक्षा चौधरी को 106 वोटों से हराया। उपाध्यक्ष पद पर एनएसयूआई की छवि पंवार ने एबीवीपी की आकांक्षा सैनी को मात दी वहीं, लक्सर स्थित राजकीय पीजी कॉलेज में एक बार फिर एबीवीपी ने अपना परचम लहराया है। कड़े मुकाबले में एबीवीपी की प्राची ने एनएसयूआई के रजत को पांच मतों से हराकर अध्यक्ष पद अपने नाम कर लिया। उपाध्यक्ष पद पर एबीवीपी ने छह वोटों से जीत हासिल की। वहीं, महासचिव पद पर भी एबीवीपी ने कब्जा किया जबकि विवि प्रतिनिधि और कोषाध्यक्ष पद पर एनएसयूआई के प्रत्याशियों ने बाजी मारी।

एसडी पीजी कॉलेज में निर्दलीय कुमारी लक्ष्मी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी वर्षा त्यागी को 107 मतों से पराजित कर अध्यक्ष पद पर कब्जा कर लिया। बीएसएम पीजी कॉलेज में छात्रसंघ अध्यक्ष पद पर हिमांशु कुमार ने कब्जा किया। वहीं, हरिद्वार में छात्र कल्याण परिषद के चुनाव में चिन्मय डिग्री कॉलेज में एबीवीपी के प्रत्याशियों ने सभी पदों पर जीत दर्ज की जबकि सम्राट पृथ्वीराज चौहान पीजी कॉलेज रोहालकी किशनपुर में सचिव पद छोड़कर एबीवीपी ने अध्यक्ष सहित शेष सभी पदों पर जीत हासिल की। वहीं महिला महाविद्यालय में बिना किसी छात्र संगठन के हस्तक्षेप के चुनाव संपन्न हुआ। अध्यक्ष पद पर मोनिका शर्मा और उपाध्यक्ष पद पर वार्णिका ने जीत हासिल की।

 

एमकेपी में एबीवीपी ने किया क्लीन स्वीप, मनीषा बनीं अध्यक्ष

एमकेपी पीजी कॉलेज में एबीवीपी ने क्लीन स्वीप करते हुए सभी पदों पर कब्जा जमा लिया। कॉलेज में दो साल के बाद एनएसयूआई के हाथ से जीत फिसल गई। एबीवीपी की प्रत्याशी मनीषा राणा अध्यक्ष चुनी गईं।

सोमवार को सुबह 10:40 बजे एमकेपी कॉलेज में चुनाव शुरू हुआ। किसी भी विवाद से निपटने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया था। कॉलेज की मुख्य चुनाव अधिकारी डॉ. ऋचा काम्बोज की अगुवाई में शिक्षिकाओं ने पूरी व्यवस्था संभाली। ठीक 3:30 बजे मतगणना शुरू हो गई। अध्यक्ष पद पर एबीवीपी की मनीषा राणा, महासचिव पद पर एबीवीपी की अंकिता जगूड़ी, सहसचिव पद पर एबीवीपी की तनु, कोषाध्यक्ष पद पर एबीवीपी की अनीता और विवि प्रतिनिधि पद पर एबीवीपी की अंजली हुरिया ने जीत दर्ज की। उपाध्यक्ष पद पर ईरम निर्विरोध चुनी गईं। 

 

कौन जीता, कौन हारा
अध्यक्ष
मनीषा राणा(एबीवीपी) : 440 वोट
नीतू सिंह बिष्ट(एनएसयूआई) : 317 वोट

महासचिव
अंकिता जगूड़ी(एबीवीपी) : 445 वोट
मानसी(एनएसयूआई) : 339 वोट

सहसचिव
तनु(एबीवीपी) : 505 वोट
आशिता शर्मा(एनएसयूआई) : 325 वोट

कोषाध्यक्ष
अनीता(एबीवीपी) : 494 वोट
रोहिनी राणा(एनएसयूआई) :334 वोट

विवि प्रतिनिधि
अंजली हुरिया(एबीवीपी) : 461 वोट
तनूजा गडिया(एनएसयूआई) : 260 वोट

एसजीआरआर: सक्षम ग्रुप के शुभम अध्यक्ष 

एसजीआरआर पीजी कॉलेज में एबीवीपी को फिर शिकस्त का सामना करना पड़ा। सक्षम ग्रुप के शुभम बंसल अध्यक्ष तथा विश्वनाथ रमन बुड़ाकोटी महासचिव चुने गए। एनएसयूआई की ओशिन कुनवाल उपाध्यक्ष और मेघा भट्ट कोषाध्यक्ष बनीं। सह सचिव पद पर भी एनएसयूआई के मोहम्मद अजहर सैफी ने जीत दर्ज की। 

सोमवार को एसजीआरआर पीजी कॉलेज में हुए चुनाव में युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। चुनाव के दौरान किसी भी तरह की अराजकता देखने को नहीं मिली। 1627 में से 1088 छात्र-छात्राओं ने वोट डाले। मतदान प्रतिशत 66.87 रहा। दोपहर बाद मतगणना शुरू हुई और शाम को मुख्य चुनाव अधिकारी मेजर डॉ. प्रदीप सिंह ने रिजल्ट जारी किया।
उन्होंने बताया कि कॉलेज में छह पदों के लिए 14 प्रत्याशी मैदान में थे। रिजल्ट जारी होने के बाद विजयी छात्र संघ पदाधिकारियों ने शपथ ली। मतदान के लिए कॉलेज को चार जोन में बांटा गया था। इनमें दो जोन छात्राओं के लिए थे।

इनके सिर सजा ताज 
पद    विजेता    मत             प्रतिद्वंद्वी             मत
अध्यक्ष     शुभम बंसल (सक्षम) 703    ऋषभ रावत (एबीवीपी) 368
उपाध्यक्ष     ओशिन कुनवाल (एनएसयूआई)    706    आदित्य टम्टा (एबीवीपी) 334
महासचिव    विश्वनाथ रमन बुड़ाकोटी (सक्षम)    637    सौरभ कुमार (आर्यन) 446
सह-सचिव    मोहम्मद अजहर सैफी (एनएसयूआई) 737    साकेत कुमार (आर्यन) 252
कोषाध्यक्ष    मेघा भट्ट (एनएसयूआई) 742    एकता भट्ट (एबीवीपी) 283
विवि प्रतिनिधि     सूरज सिंह नेगी (एनएसयूआई) 730    आकिब रियाज (एबीवीपी) 260

 डीबीएस में एबीवीपी की लगातार तीसरी जीत

डीबीएस पीजी कॉलेज में लगातार तीसरे साल एबीवीपी ने जीत का परचम फहराया है। एबीवीपी के प्रत्याशी मोहन प्रसाद कॉलेज के छात्रसंघ अध्यक्ष चुने गए। वहीं, महासचिव पद पर आर्यन ग्रुप के केशव प्रसाद ने जीत दर्ज की।

सोमवार को डीबीएस पीजी कॉलेज में निर्धारित समय पर मतदान शुरू हुआ। सुबह से छात्रों में मतदान के प्रति खास रुझान था। हालांकि गत वर्ष के मुकाबले इस साल मतदान प्रतिशत कम रहा। कॉलेज में 1149 छात्रों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। दोपहर दो बजे से मतगणना शुरू हुई।

जैसे-जैसे नतीजे खुलते गए, अध्यक्ष पद पर एबीवीपी की जीत साफ होती चली गई। चुनाव के दौरान प्रिंसिपल डॉ. वीसी पांडेय और मुख्य चुनाव अधिकारी डॉ. दिलीप शर्मा की टीम ने व्यवस्थाएं संभाली। जीत के साथ उपाध्यक्ष पद की दिव्या पाठक ने एबीवीपी ज्वाइन कर ली। इस तरह महासचिव को छोड़कर शेष सभी पदों पर एबीवीपी ने जीत दर्ज की।

 
चुनाव नतीजे
अध्यक्ष
मोहन प्रसाद एबीवीपी : 635 वोट
मनीषा नेगी एनएसयूआई : 496 वोट
महासचिव 
केशव प्रसाद आर्यन : 589 वोट
आशुतोष एबीवीपी : 532 वोट
उपाध्यक्ष 
दिव्या पाठक एबीवीपी : 270 वोट
अमित मुनियाल : 165 वोट
सहसचिव 
अंजली रावत एबीवीपी : 158 वोट
आकाश कुमार निर्दलीय : 156 वोट
कोषाध्यक्ष
अभिषेक तोमर : 205 वोट
हिमांशु अंथवाल : 148 वोट
विवि प्रतिनिधि 
शेखर भारती : 452 वोट
अखिलेश : 333 वोट

साभार-अमर उजाला

 

 

 

 



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