सोमवार, 24 फ़रवरी 2020 | 07:27 IST
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बारिश की भेंट चढ़ा भारत का उर्दू साहित्य, नाले में बही बेश कीमती धरोहर


भोपाल की अल्लामा इकबाल लाइब्रेरी के बेसमेंट में नाला फटने से लगभग 80 हजार ज्यादा किताबे पानी की भेंट चढ गई। पिछले दिनो भोपाल में बारिश के कारण नालो का गंदा पानी काफी हद तक चढ़ गया जिसकी वजह से लाइब्रेरी के बेसमेंट में नाले के फटने से पानी भर गया सभी किताबो की भारी क्षति उठानी पड़ी बताया तो यह भी जा रहा है कि लगभग 30% से ज्यादा किताबे पानी की भेंट चढ गई अल्लामा इकबाल लाइब्रेरी भारत में मध्यप्रदेश की सबसे पुरानी लाइब्रेरी में से एक बताई जाती है इस ऐतिहासिक लाईब्रेरी में हिंदी उर्दू फारसी व अन्य भाषाओं की भी विरली किताबें थी। यहीं नही उर्दूकी लोकप्रिय और बेहतरीन शायरों की जीवनी व मैगजीन उनमें कुछ दुर्लभ तस्वीरें भी शामिल थी डिजिटलाइजेशन के युग में जहां अभी भी लाइब्रेरी की लोकप्रियता बनी हुई है भले ही तादाद में कम हो लेकिन प्रतियोगी परिक्षाएं व साहित्य प्रेमियों का साहित्य के प्रति लगाव अभी भी लोगो को लाइब्रेरी में जाने को मजबूर करता है अगस्त में यहां हुई बारिश ने इन्ही चाहने वालो की चाहत पर पानी फेर दिया थोडी ही देर सोशल मीडिया पर नाले में तैर रही किताबों की तस्वीरें सामने आने लगे जहां एक ओर प्रशासन पर सार्वजनिक लाइब्रेरी की अनदेखी के आरोप लगे वहीं साहित्य प्रेमी उव किताबो के खोने का अफसोस जताते रह गये जो अब कभी लौटकर नही आ पायेगी सारे जहां से अच्छा लिखने वाले मशहूर शायर अल्लामा इकबाल के ना से बनी यह लाइब्रेरी 1939 में शुरू हुई थी नाले से हुई भारी क्षति का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कुछ प्रसिद्ध उर्दू शायरो का संग्रह जोकि अक्सर नजर अंदाज किया जाता था वो किताबें इस लाइब्रेरी का हिस्सा थी इस घटना को काफी घंटे बीत चुके है इस नुकसान की भरपाई तो नही की जा सकती लेकिन अभी भी प्रशासन मुस्तैदी दिखाए तो किताबो को दूसरी जगह पहुंचाकर बाकी बची किताबो को इस अंजाम तक पहुंचाने से बचाया जा सकता है।  



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