मंगलवार, 28 जनवरी 2020 | 06:08 IST
समर्थन और विरोध केवल विचारों का होना चाहिये किसी व्यक्ति का नहीं!!
उत्तराखंड की बहादुर बेटी राखी सहित 22 बच्चे राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार से सम्मानित          जगत प्रकाश नड्डा निर्विरोध चुने गए बीजेपी के अध्यक्ष          एजीआरः टेलीकॉम कंपनियों को एक हफ्ते में चुकाना होगा 1.04 लाख करोड़ रुपये, पुनर्विचार याचिका खारिज          हिमाचल सरकार ने खोला नौकरियों का पिटारा, भरे जाएंगे 2500 पद, पढ़ें कैबिनेट के बड़े फैसले          महेंद्र सिंह धोनी BCCI के सालाना अनुबंध से भी बाहर, इन खिलाड़ियों को किया गया शामिल          जम्मू-कश्मीरः आफत बनकर आया हिमस्खलन, बर्फीले तूफान की चपेट में आने से तीन जवान शहीद, दो लापता          दिल्ली विधानसभा चुनाव की घोषणा 70 विधानसभा सीटों पर 8 फरवरी को होंगे चुनाव 11 फरवरी आएंगे नतीजे           सीबीएसई के निर्देश, अब 75 प्रतिशत से कम हाजिरी वाले छात्र नहीं दे पाएंगे परीक्षा          मनोज मुकुंद नरवाणे बने देश के 28वें सेनाध्यक्ष          भारतीयों के स्विस खातों, काले धन के बारे में जानकारी देने से वित्त मंत्रालय ने किया इंकार          पीएम की कांग्रेस को खुली चुनौती,अगर साहस है तो ऐलान करें,पाकिस्तान के सभी नागरिकों को देंगे नागरिकता          नागरिकता संशोधन कानून पर जारी विरोध के बीच पीएम मोदी ने लोगों से बांटने वालों से दूर रहने की अपील की है          भारतीय संसद का ऐतिहासिक फैसला,सांसदों ने सर्वसम्मति से लिया फैसला,कैंटीन में मिलने वाली खाद्य सब्सिडी को छोड़ देंगे           60 साल की उम्र में सेवानिवृत्त करने पर फिलहाल सरकार का कोई विचार नहीं- जितेंद्र सिंह          मोदी सरकार का बड़ा फैसला, दिल्ली की अवैध कॉलोनियां होगी नियमित          पीओके से आए 5300 कश्मीरियों के लिए मोदी सरकार का बड़ा ऐलान, मिलेंगे साढ़े पांच लाख रुपये          पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने कबूल किया कि उनका देश कश्मीर मुद्दे का अंतरराष्ट्रीयकरण करने की कोशिशों में नाकाम रहा          संयुक्‍त राष्‍ट्र ने भी माना,जलवायु परिवर्तन से निपटने में अहम है भारत की भूमिका          बैंकों और बीमा कंपनियों में लावारिस पड़े हैं 32,000 करोड़ से भी ज्यादा पैसे, नहीं है कोई दावेदार         
होम | उत्तराखंड | पौड़ी गढ़वाल के वीरोंखाल ब्लॉग के देवकंडाई गांव की बच्‍ची का नाम भेजा जाएगा राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार

पौड़ी गढ़वाल के वीरोंखाल ब्लॉग के देवकंडाई गांव की बच्‍ची का नाम भेजा जाएगा राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार


अपने चार वर्ष के भाई की रक्षा के लिए गुलदार (तेंदुआ) से दो-दो हाथ करने वाली राखी के अदम्य साहस को देखते हुए पौड़ी जिला प्रशासन की ओर से राखी का नाम राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के लिए भेजा जाएगा। इधर, सोमवार को दिल्ली के सफदरजंग चिकित्सालय में राखी का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, जहां उसकी स्थिति को खतरे से बाहर देखते हुए उसे दवा देकर घर भेज दिया। हालांकि, नौ अक्टूबर को उसे सिर पर बंधी पट्टी को बदलवाने के लिए पुन: चिकित्सालय में बुलाया है। 

 मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने भाई को गुलदार से बचाते हुए घायल हुई बालिका राखी के परिजनों से फोन पर बात कर उसके स्वास्थ्य की जानकारी ली। साथ ही राज्य सरकार से हर तरह की मदद का भरोसा दिलाया। इलाज के लिए दिल्ली के अस्पताल में भर्ती हुई बालिका राखी अब खतरे से बाहर है और उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। सीएम ने राखी के पूर्ण स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हुए कहा कि बालिका ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए अपने छोटे भाई को बचाया। हम अपनी बेटी की वीरता पर गौरान्वित हैं। मुख्यमंत्री ने दिल्ली स्थित उत्तराखंड के अपर स्थानिक आयुक्त को बालिका राखी के परिजनों के सम्पर्क में रहते हुए हर आवश्यक उपचार और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिये हैं। 

आपको बात दें कि शनिवार को वीरोंखाल प्रखंड के अंतर्गत ग्राम देवकंडाई निवासी दलवीर सिंह रावत की 11 वर्षीय पुत्री राखी अपने छोटे भाई राघव चार वर्ष को कंधे में बिठाकर खेत से गांव की ओर आ रही थी। राखी के साथ उसकी मां शालिनी देवी भी थी, जो कि राखी के पीछे कुछ दूरी पर थी। रास्ते में अचानक गुलदार ने राघव पर झपट्टा मार दिया। राखी ने गुलदार की ओर झपट्टा मार राघव को गुलदार के पंजे से छुड़ा दिया व उसे अपने सीने से चिपका कर मुंह के बल लेट गई। गुलदार ने पंजे व दांतों से राखी पर कई वार किए, लेकिन राखी ने राघव को नहीं छोड़ा। 

इसी दौरान उसकी मां वहां पहुंची व शोर मचाते हुए गुलदार की ओर पत्थर फेंके, जिस पर गुलदार जंगल की ओर भाग गया। शोर सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीण राखी व राघव को लेकर पोखड़ा स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जहां से उन्हें कोटद्वार रेफर कर दिया गया। शनिवार शाम परिजन दोनों को लेकर कोटद्वार बेस चिकित्सालय में आए, जहां से राघव को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई, जबकि राखी को एम्स ऋषिकेश के लिए रेफर कर दिया गया। राखी के सिर व पीठ पर काफी चोटें आई हैं। एम्स के चिकित्सकों ने भी राखी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे सफदरजंग अस्पताल, दिल्ली के लिए रेफर कर दिया।  

गंभीर रूप से घायल राखी को सफदरजंग चिकित्सालय के चिकित्सकों ने भर्ती नहीं किया। राखी की बुआ मंजू देवी ने बताया कि चिकित्सकों ने राखी का सीटी स्कैन करवाया, जिसमें उसे सिर की किसी हड्डी में चोट की पुष्टि नहीं हुई। चिकित्सकों ने दवा देकर उन्हें घर भेज दिया व नौ अक्टूबर को सिर पर लगाई गई पट्टी को बदलवाने के लिए पुन: बुलाया है।

भाई की रक्षा के लिए स्वयं की जान पर खेलने वाली राखी का नाम राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के लिए भेजा जा रहा है। जिलाधिकारी धीराज ङ्क्षसह गब्र्याल ने बताया कि राखी ने जीवन रक्षा के लिए अपने जीवन की परवाह किए बिना अदम्य साहस का परिचय दिया। बताया कि राखी के इसी साहस को देखते हुए उसका नाम वीरता पुरस्कार के लिए भेजा जाएगा।



© 2016 All Rights Reserved.
Follow US On: