शुक्रवार, 7 अगस्त 2020 | 02:52 IST
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उत्तराखंड कैबिनेट में लिए गए कई महत्वपूर्ण फैसले,विभागों में पदोन्नति को लेकर सरकार का बड़ा फैसला


उत्तराखंड में सुविधाजनक स्थानों में लंबे समय तक जमे रहने के लिए कर्मचारी अब पदोन्नति छोड़ने का दांव नहीं चल पाएंगे। ऐसा करने पर इसे अनुशासनहीनता माना जाएगा। प्रमोशन रोकने के लिए दो बार लिखित अनुरोध पर कर्मचारी अपनी वरिष्ठता खो देगा। ये सभी प्रावधान ‘उत्तराखंड राज्यधीन सेवाओं में पदोन्नति का परित्याग नियमावली 2020’ में किए गए हैं।

 

बुधवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में नियमावली पर मंजूरी दे दी गई। प्रदेश के विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों और स्वायत्त संस्थानों में तैनात करीब साढ़े तीन लाख कर्मचारी इस नियमावली के दायरे में आएंगे। शासकीय प्रवक्ता मदन कौशिक ने कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बैठक में कुल 30 प्रस्तावों पर चर्चा हुई, जिनमें से दो प्रस्तावों को स्थगित कर दिया गया, जबकि 27 प्रस्तावों पर मुहर लगी। एक प्रस्ताव पर मंत्रिमंडलीय उपसमिति बनाई गई है।

एससी एसटी ओबीसी छात्रों को मिलेगी राहत

निजी संस्थानों में पढ़ रहे एससी एसटी ओबीसी छात्रों को पाठ्यक्रमों के लिए शिक्षण शुल्क में राहत मिल सकती है। केंद्र सरकार सरकारी शुल्क की दरों पर ही प्रतिपूर्ति करती है, लेकिन निजी संस्थानों में सरकारी दरों से अधिक शुल्क लिया जा रहा है।

 

समाज कल्याण विभाग सरकारी दरों के हिसाब संस्थानों को छात्रों के शुल्क की प्रतिपूर्ति तो कर रहा है, लेकिन निजी संस्थान शेष धनराशि छात्रों से वसूल रहे हैं। यह मामला कैबिनेट की बैठक में उठा। जिस पर कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक की अध्यक्षता में मंत्रिमंडलीय उपसमिति बनाई गई। उपसमिति में समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य संयोजक व उच्च शिक्षा राज्य मंत्री डॉ.धन सिंह रावत को सदस्य बनाया गया है। 

सरकारी विश्वविद्यालयों के लिए अंब्रेला एक्ट

प्रदेश के आठ राज्य लोक विश्वविद्यालयों के लिए एक अंब्रेला एक्ट होगा। कैबिनेट ने उच्च शिक्षा विभाग के उत्तराखंड राज्य विवि अध्यादेश 2020 लाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस एक्ट में कुलपतियों और कुल सचिवों की नियुक्ति, आयु सीमा, अर्हता का प्रावधान किया गया है। कैबिनेट ने डॉ.हरक सिंह रावत की अध्यक्षता में एक सब कमेटी बनाई थी, सब कमेटी की सिफारिश पर कैबिनेट ने प्रस्ताव पर मुहर लगाई।

 

होम स्टे: बगैर लोन के लिए भी मिलेगा अनुदान

प्रदेश में होम स्टे योजना के तहत उन आवेदकों को भी अनुदान देने का फैसला लिया गया है, जो लोन के बजाय अपने संसाधनों से होम स्टे बना रहे हैं। कैबिनेट ने पर्यटन विभाग के इस प्रस्ताव को मंजूरी दी। इसके तहत कमरा बनाने के लिए 60 हजार और पहले से निर्मित संरचना को तैयार करने के लिए 25 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा।

 

श्रम सुधारों को भी मंजूरी

प्रदेश सरकार ने श्रम सुधारों के तीन संशोधन प्रस्तावों को भी मंजूरी दी। इसके तहत कारखाना अधिनियिम 1948, औद्योगिक विवाद अधिनियिम 1947 के तहत किए गए संशोधन प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे जाएंगे। इनमें औद्योगिक वाद के लिए एक निश्चित समयसीमा का प्रावधान किया गया है। केंद्र से मंजूरी के बाद इन्हें राज्य में लागू कर दिया जाएगा।

 

युवा पेशेवर का स्टाइपेंड 35 हजार रुपये

मुख्यमंत्री युवा पेशेवर संशोधित नीति के तहत नियुक्त होने वाले युवा पेशेवरों को सरकार अब 35 हजार रुपये मासिक स्टाइपेंड देगी। प्रदेश मंत्रिमंडल ने नीति में संशोधन को मंजूरी दे दी है। अभी उन्हें 15 हजार रुपये प्रति माह स्टाइपेंड दिया जा रहा है। जिलाधिकारी व मंडलायुक्त स्तर पर भी दो दो युवा पेशेवर नियुक्त हो सकेंगे। युवा पेशेवरों को सरकार अधिमान भी देगी।

कैबिनेट के प्रमुख फैसले

- प्रदेश राजस्व निरीक्षक पटवारी सर्किल क्षेत्र का पुनर्गठन, ढांचे में 51 पद बढ़े।

- 148 शराब की दुकानों को राहत, कोविड अवधि में कम उठान का राजस्व नहीं देना होगा।

- रेरा का वार्षिक प्रतिवेदन विधानसभा पटल पर रखा जाएगा।

- देहरादून शहर और बाहर पेट्रोल पंप लगाने को प्राधिकरण के मास्टर प्लान में छूट।

- माजरी ग्रांट में एआईसीटीई ट्रेनिंग एवं लर्निंग एकेडमी खुलेगी। सरकार ने निशुल्क दी दो एकड़ भूमि, 1.29 करोड़ है भूमि की लागत।

- रानीपोखरी में पूर्व सैनिकों के लिए ईसीएचएस पॉलिटेक्निक कॉलेज के लिए 0.07 हे. भूमि निशुल्क दी। 38.50 लाख है भूमि की लागत।

- राज्य में मदिरा बिक्री पर आयात से संबंधित सेस लगाने में संशोधन।

- हरिद्वार में भूपतवाला मेला भूमि पर सीएचसी हॉस्पिटल बनाने की अनुमति।

- पेयजल निगम में प्रबंध निदेशक के स्तर का सलाहकार पेयजल निसंवर्गीय पद को मंजूरी।

- उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय का नाम वीर माधव सिंह भंडारी उत्तराखंड प्रौद्योगिकी विवि।

- आयुष शिक्षा चिकित्सकों की भर्ती लोक सेवा के स्थान पर चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड करेगा।

- ऊधमसिंह नगर ग्रीन फील्ड अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट बनाने के लिए पीपीपी मोड में तकनीकी सर्वे।

- श्रीनगर एनआईटी सुमाड़ी को रेशम विभाग की आठ हे. भूमि निशुल्क दी गई।

- आंगनबाड़ी केंद्र में तीन से छह वर्ष के बच्चों को मिल्क पाउडर चार दिन मिलेगा।

- किशोरी बालिका सैनेटरी नैपकिन ई-टेंडर प्रक्रिया से ली जाएगी।

- शिक्षा के अधिकार के तहत अनिवार्य निशुल्क शिक्षा नियमावली में संशोधन किया गया।

- केदारनाथ उत्थान चेरिटेबल ट्रस्ट के अंतर्गत लोक निर्माण विभाग को कार्य करने की अनुमति।



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